वेटिकन सिटी में मदर टेरेसा को मिली संंत की उपाधि, अब कहलाएंगी संत टेरेसा

मदर टेरेसा अब संत टेरेसा बन गई हैं। वेटिकन सिटी के सेंट पीटर्स स्‍क्‍वायर से रोमन कैथोलिक चर्च के पोप फ्रांसिस ने मदर टेरेसा को संत की उपाधि दी। सरकार की ओर से विदेश मंत्री सुषमा स्वराज खुद इस पल की गवाह बनीं तो पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममत बनर्जी और दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल भी मौजूद रहे।
इस एतिहासिक पल के लिए वेटिकन सिटी पूरी तरह से सज-धज कर तैयार हुई थी।
जीते-जी 124 बड़े पुरस्कारों से सम्मानित टेरेसा को निधन के बाद यह सबसे बड़ी श्रद्धांजलि है। भारत रत्न और नोबेल पुरस्कार जीतने वाली वह पहली महिला हैं जिन्हें वेटिकन में ईसाई समुदाय के धर्मगुरुओं ने संत घोषित किया है। टेरेसा विदेश में जन्मी पहली कैथोलिक हैं जिन्हें भारतीय मानकर संत का दर्जा दिया गया है।
कौन थीं मदर टेरेसा
मदर टेरेसा का जन्म 26 अगस्त 1910 को अल्बानिया में हुआ था।
उनका मूल नाम अग्नेसे गोंकशे बोजाशियु था।
1928 में वह नन बन गईं थी।

जिसके बाद लोग उन्हें सिस्टर टेरेसा के नाम से बुलाने लगे।
नोबेल पुरस्कार विजेता मदर टेरेसा ने 1950 में मिशनरी ऑफ चैरिटी की स्थापना की थी, जो अब 133 देशों में काम करता है।
5 सितंबर 1997 को मदर टेरेसा का निधन हो गया था।

Post a Comment

Previous Post Next Post